पूर्व माध्यमिक विद्यालय सेमरियावां में 5 प्रवासी हुए क्वांरनटाइन
रिपोर्ट अतहरूल बारी कर्खी
सेमरियावां।संतकबीरनगर
कोरोना महामारी से परेशान प्रवासी अपने अपने घर पहुंचने के लिए बेताब हैं। सफ़र की कठिनाई की परवाह किए बिना घर पहुंचने का सिलसिला जारी है। लॉक डाउन टू में भी महानगर से पलायन कर लोग घर पहुंच रहें हैं।बेरोजगारी व भूख से परेशान कारीगर व मजदूर घर आने हेतु विवश है। जूनियर हाई स्कूल सेमरियावां में लॉक डाउन टू में 5 क्वॉरेंटाइन सेंटर में रखा गया।
मो.शहजाद ने बताया कि मुंबई से 15 अप्रैल को चले हैं। छ दिन बाद सोमवार के दिन घर पहुंचे।मुंबई के साकीनाका खैरांनी रोड पर पर सिलाई का काम करते थे।लाक डाउन के चलते खाने पीने की बड़ी समस्या उत्पन्न हो गई थी।
मुम्बई से कानपुर तक ट्रक से पहुंचे। फिर यहां से पैदल लखनऊ तक पहुंचे।जगह जगह हाईवे पर चलने वाले वाहन चालकों की मदद से किसी तरह बस्ती पहुंचे। पूरे रास्ते में किराया आदि में दस हजार से अधिक खर्च हो गए। घर से खर्चा मंगवाया था।
शहजाद व साहिल ने बताया कि
रास्ते में भोजन पानी आदि की दिक्कत नहीं हुई।बहुत से लोगों ने मदद की। थर्मल चेकिंग के बाद क्वारनटाइन किया गया।
अनिल कुमार पुत्र लालमन ने बताया झांसी में टाईलस का काम करता था। दो महीने से पूर्व गया था। पैदल और सवारी से गांव पहुंचा। कानपुर से लखनउ तक पैदल यात्रा की। जीनियर हाई स्कूल सेमरियावा में 5 प्रवासी निजामुद्दीन,घनश्याम,साहिल , सहजाद,और अनिल कुमार मुंबई झांसी,कौशांबी,प्रयागराज से पहुंचे हैं। प्रधान वकील अहमद व शिक्षक जफीर अली ने स्कूल पहुंचकर इनके रहने की व्यवस्था की।साथ ही शोसल डिस्टेंस ,मास्क लगाने,और सफाई पर विशेष ध्यान दें,लाक डाउन के नियमों का पालन करने की अपील की।