- चीफ डिफेंस काउंसिल के निःशुल्क पैरवी से पॉक्सो एक्ट का आरोपित हुआ बरी
संतकबीरनगर: अपर जिला व सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने शुक्रवार को बहला फुसलाकर भगा ले जाने व पॉक्सो एक्ट के मामले में जिला कारागार में निरुद्ध एक मामले में पीड़िता के पक्षद्रोही हो जाने पर आरोपित को दोषमुक्त कर दिया है। पूरे मामले में लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम ने निःशुल्क पैरवी किया।
लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम के चीफ अन्जय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि घनघटा थानाक्षेत्र की एक महिला ने मुकामी थाने पर सितम्बर 2023 में मुकदमा दर्ज कराते हुए कहा कि उनकी 14 वर्षीय पुत्री को इसी थानाक्षेत्र के औराडाड़ गांव निवासी राजू बहला-फुसलाकर कहीं ले गया तथा छेड़छाड़ किया। पुत्री किसी तरह जान बचाकर घर आई और अपने मां बाप को सारी बात बताई। मां बाप उलाहना देने गए तो लाठी डंडा लेकर दौड़ा लिए और अपशब्दों का प्रयोग करते हुए जान माल की धमकी दिए। मामले में छेड़छाड़ व बहला फुसला कर भगा ले जाने के साथ पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ। विवेचना उपरांत आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित हुआ। वादिनी ने अपने बयान में घटना का समर्थन करते हुए जिरह के दौरान कहा कि पुलिस ने मेरा कोई बयान नही लिया था। वहीं पीड़िता ने बयान में कहा कि आरोपित मुझे मोटरसाइकिल से ले गया था। जिरह के दौरान उसने कहा कि मेरे साथ किसी ने कोई जोर जबरदस्ती नही किया था। इस स्तर पर पीड़िता को पक्षद्रोही घोषित किया गया। पत्रावली पर सभी साक्षियों का बयान दर्ज हुआ। मामले में बहस असिस्टेंट लीगल डिफेंस काउंसिल प्रज्ञा श्रीवास्तव ने किया। डिप्टी डिफेंस काउंसिल संजीव कुमार पांडेय व असिस्टेंट लीगल डिफेंस काउंसिल मो.दानिश ने पैरवी किया।
न्यायालय ने अभियोजन व बचाव पक्ष के दलीलों को सुनने तथा पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने तथा बहस को सुनने के उपरांत आरोपित को दोषमुक्त कर दिया है।