दिव्यांगता प्रमाण-पत्र बनाने हेतु सी.आर.सी. गोरखपुर में कैम्प आयोजित

समेकित क्षेत्रीय कौषल विकास, पुनर्वास एंव दिव्यांगजन सषक्तीकरण केन्द्र गोरखपुर ( सी.आर.सी.) में 28 दिसम्बर 2020 को एक दिवसीय मापन/मूल्यांकन तथा दिव्यांगता प्रमाणीकरण शिविर का आयोजन किया गया जिसमें लगभग 250 दिव्यांगजनों का रजिस्ट्रेशन किया गया । यह शिविर विशेष कर छोटे बच्चे जिनकी उम्र 06 वर्ष से कम है, उनके लिए आयोजित की गयी थी । शिविर के उद्घाटन समारोह में डॉ. एस.के.तिवारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत की, जबकि श्री अवधेश राम, उपायुक्त, एन.आर.एल.एम. तथा श्री के एन. वर्मा जी, जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी, गोरखपुर बतौर विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे ।
उद्घाटन सत्र में अपने उद्बोधन में मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि सी.आर.सी. के द्वारा यह एक बहुत ही बेहतर पहल है । इस सन्दर्भ में उन्होंने भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मन्त्रालय के द्वारा जारी किया गया शासनादेश का भी जिक्र किया जिसमें तीन वर्ष से कम आयु के दिव्यांगजनों को भी सुविधाएँ प्रदान करने हेतु औपबंधिक प्रमाण पत्र निर्गत करने की बात कही गयी है । उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह के शिविर ग्रामीण क्षेत्रों में भी आयोजित करने की जरुरत है । सी.आर.सी. यदि ऐसा शिविर भविष्य में ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित करना चाहता है, तो जिला प्रशासन का सहयोग सदैव मिलता रहेगा । इस शिविर को सफल बनाने हेतु बेसिक शिक्षा अधिकारी श्री भूपेंद्र नारायण सिंह ने समग्र शिक्षा अभियान में कार्यरत विशेष शिक्षकों को भी सम्मिलित होने तथा अभिभावकगण को शिविर तक लाने की जिम्मेवारी प्रदान की थी ।

सी.आर.सी. गोरखपुर के मनोविज्ञान विभाग के सहायक आचार्य श्री राजेश कुमार ने बच्चों की बुद्धिलब्धि की जाँच की जबकि श्रवण एवं वाणी विभाग के सहायक आचार्य श्री रवि कुमार एवं श्री रोबिन के द्वारा सुनने से सम्बन्धित समस्याओं की जाँच की गयी । प्रमाणीकरण की प्रक्रिया पूर्ण होने के उपरांत समस्त बौद्धिक दिव्यांग बच्चों को टी.एल.एम. किट तथा अन्य तरह की दिव्यांगता वाले बच्चों को भी विभिन्न सुविधाएँ सी.आर.सी. के माध्यम से निःशुल्क उपलब्ध करायी जाएगी ।
इस कार्यक्रम में सी.आर.सी. गोरखपुर के समस्त विशेषज्ञों ने अपना योगदान दिया । अपने स्वागत भाषण में रेजिडेंट कोऑर्डिनेटर श्री रवि कुमार ने कहा कि सी.आर.सी. गोरखपुर ने विगत वर्ष में भी देवरिया जिला प्रशासन के साथ मिलकर लगभग 2000 दिव्यांगजनों के प्रमाणीकरण में तकनिकी सहयोग प्रदान किया था । इस शिविर से सी.आर.सी. गोरखपुर में दैनिक रूप से आने वाले लाभार्थोयों का भी प्रमाण पत्र मिल सकेगा जिससे वे भी सरकारी योजनाओं का लाभ ले सकेंगे ।
कार्यक्रम संयोजन श्री नीरज मधुकर द्वारा किया गया तथा इसकी रूप रेखा पूर्व निदेशक डॉ. रमेश पाण्डेय जी द्वारा निर्धारित की गयी थी । राष्ट्रीय निदेशक डॉ. हिमान्ग्शु दास जी ने शिविर के सफल आयोजन हेतु बधाई दी तथा कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों तक सी.आर.सी. की सेवाएँ पहुँचाना सी.आर.सी. का प्रमुख लक्ष्य है एवम भविष्य में इस तरह के और भी शिविर आयोजित किये जाने हेतु निर्देश दिए ।