रिपोर्ट :- फय्याज (जिला संवाददाता बस्ती)
बस्ती जनपद के दुबौलिया में जहां प्रदेश सरकार महिलाओं की सुरक्षा को लेकर महिला सशक्तिकरण चला रही है वही दुबौलिया पुलिस प्रदेश सरकार के महिला सशक्तिकरण की पोल खोल रही है । दबंगों की पिटाई से 03 माह की गर्भावती महिला का गर्भ नष्ट हो गया एवं 03 माह का गर्भ नष्ट होने से गुप्तांग से लगातार रक्त निकल रहा है लेकिन दुबौलिया पुलिस 01 सप्ताह बीतने के बाद भी पीड़िता का मुकदमा लिखने से सीधे दुबौलिया थाना प्रभारी नारायण लाल श्रीवास्तव ने मना कर दिया और पीड़िता से कहा कि मारपीट एवं 03 का गर्भ नष्ट होने के मामले में मुकदमा लिखवाना है तो तहरीर में 03 माह का गर्भ नष्ट के अंक को हटा दो आपका मुकदमा दर्ज हो जायेगा नही तो जिले से लेकर प्रदेश तक जितना शिकायत करना हो कर दीजिए दुबौलिया थाने पर आपका मुकदमा दर्ज नही होगा । पीड़िता दलित परिवार चमार जाति से संबंधित है एवं अत्यन्त गरीब और असहाय है । दलित पीड़िता ने एएसपी , एसपी , आईजी समेत मुख्यमंत्री से न्याय की गुहार लगाई है । आपको बता दें कि दुबौलिया थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत सिंहाराजा निवासी दिनेश कुमार पुत्र स्व० जय श्री दिनांक -23-11-2023 को शाम लगभग 3.30 बजे अपने घर पर पशुओं को चारा खिला रहे थे । दबंग दुर्गेश व अजय पुत्रगण गनेशी , शिवम पुत्र राम निहाल , गनेश पुत्र राम लाल , रजत पुत्र दुर्गेश आदि लोगों ने दिनेश कुमार के घर पर आकर भद्दी – भद्दी गालियां देते हुए लाठी – डंडा लेकर चढ गये और दिनेश कुमार को मारने के लिए दौड़ाये । दिनेश कुमार घर में घुस गये लेकिन दबंगों ने घर में घुस कर पूरे परिवार को लाठी – डंडों एवं लात – घुसों से मारकर घायल कर दिये जिसमें पीड़ित दिनेश कुमार का हाथ फैक्चर हो गया एवं भाभी विमला देवी पत्नी अशोक कुमार घायल देवर दिनेश कुमार को बचाने के लिए दौड़ी तब तक अजय व शिवम ने विमला देवी के पेट पर कई बार लात से प्रहार कर दिया जिससे 03 माह का गर्भ खराब हो गया एवं दो दिन से लगातार गुप्तांग से खून बह रहा है और अभी भी खून निकलना बंद नही हुआ है । पीड़ित दिनेश कुमार की पत्नी , माँ समेत अन्य सदस्यों को दबंगों ने मारकर घायल कर दिया था । जिसकी सूचना पीड़ित 112 पुलिस को दिया था 112 पुलिस मौके पर पहुंची थी और दोनों पक्षों को दुबौलिया थाने पर बुलाया था । पीड़ित परिवार ने दुबौलिया थाने पर तहरीर दिया था लेकिन दुबौलिया थानाध्यक्ष नारायण लाल श्रीवास्तव ने पीड़ित दलित परिवार का मुकदमा दर्ज करने के बजाएं जातिसूचक शब्दों एवं माँ बहन की गाली देकर दुबौलिया थाने से भगा दिया । दलित पीड़िता ने न्याय के लिए दर – दर की ठोकरें खा रही है और उक्त प्रकरण में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग कर रही है । उक्त प्रकरण में अपर पुलिस अधीक्षक दीपेन्द्र नाथ चौधरी ने जांचकर दुबौलिया पुलिस को मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया था एक सप्ताह बीतने के दुबौलिया पुलिस ने मुकदमा दर्ज नही किया है । अब देखना है कि एएसपी, एसपी , आईजी एवं मुख्यमंत्री से शिकायत करने के बाद पीड़िता को न्याय मिल पाता है कि जांच एवं कार्रवाई के नाम पर मामले को रफा-दफा कर दिया जायेगा ।