कार्यक्रम में मेधावी बच्चों को पुरस्कृत कर उनका उत्साह वर्धन किया।

कानपुर, जायसवाल सभा कानपुर द्वारा विश्व प्रसिद्ध इतिहासकार एकमात्र चीनी भाषा के ज्ञाता मुद्रा शास्त्री, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी विधिवेत्ता डा० काशी प्रसाद जायसवाल, बार0एट० लॉ समर्पित समारोह लाजपत भवन, मोतीझील, कानपुर में सम्पन्न हुआ जिसमें डा० काशी प्रसाद जायसवाल के जीवन पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने बताया कि राष्ट्रवादी सोच के इतिहासकार डा० काशी प्रसाद जायसवाल ने अपने शोध के माध्यम से सिद्ध किया कि भारत का इतिहास गुलामी का इतिहास न होकर संघर्षों का इतिहास रहा है, विश्व के कई इतिहासकारों ने इस शोध के बाद अपनी पुस्तकों में संशोधन किया।
कार्यक्रम में मेधावी बच्चों को पुरस्कृत कर उनका उत्साह वर्धन किया। लोगों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। 60 मेधावी बच्चों को पुरस्कृत किया गया, 50 बुजुर्गों का सम्मान तथा विवाह हेतु 350 लोगों ने पंजीकरण कराया।राष्ट्रवादी चिन्तक, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी विधिवेत्ता विश्व के प्रसिद्ध इतिहासकार की देश के प्रति सेवाओं को ध्यान में रखते हुए भारत सरकार से माँग की गई कि ऐसे महापुरूष को ‘भारत रत्न’ की उपाधि से अलंकृत किया जाये। अपने मन की बात अपने-अपने माता-पिता से अवश्य साझा करें, कार्यक्रम की अध्यक्षता डा० आर०बी० जायसवाल ने किया तथा अन्य वक्ताओं में हरीकृष्ण, मुकेश जायसवाल, अजय जायसवाल, रामलखन, अनूप, वरूण, डा० नन्दलाल, डा० विमल, सुरेन्द्र जायसवाल, झन्नालाल गुप्त, डी०पी० गुप्त, हरीशंकर, जितेन्द्र (एड0). अंकुल, राजेश (एड०), अनिल जायसवाल (पी०एन०बी०), अक्षयलाल जायसवाल तथा सांस्कृतिक कार्यक्रम सुशील जायसवाल, आनन्द जायसवाल ने किया। समारोह का संचालन महामंत्री गया प्रसाद जायवाल ने किया।