जम्मू: अनुच्छेद 370 खत्म होने के बाद जम्मू कश्मीर के महाराजा हरि सिंह के बेटे डॉ कर्ण सिंह ने कहा कि केंद्र शासित प्रदेश के रूप में लद्दाख के अस्तित्व का स्वागत है। साथ ही अनुच्छेद 35 ए में लिंग भेदभाव को संबोधित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि मेरी एकमात्र चिंता जम्मू और कश्मीर के सभी वर्गों और क्षेत्रों की भलाई है।
मैं मानता हूं कि संसद में लिया यह जल्दबाजी भरा फैसला है। स्पष्ट रूप से इनके उलझावों से निपटने के लिए अभी कई स्तरों तक गुजरना होगा। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि इसके लिए राजनीतिक वार्ता जारी रखना महत्वपूर्ण है। यहां के दो मुख्य क्षेत्रीय दलों को राष्ट्र विरोधी कहना अनुचित है।
उनके कार्यकर्ताओं ने लंबे समय से यहां के लिए बलिदान दिया है। उन्होंने कहा कि मैं चाहता हूं कि जल्द से जल्द यहां का माहौल ठीक हो, साथ ही हिंसा का कोई स्थान न हो।