मरीजों को गुणवत्तापूर्ण इलाज की सुविधा देना शासन की पहली प्राथमिकता – सीएमओ
– कायाकल्प को सही प्रकार से लागू करने के लिए सात विन्दुओं की है चेकलिस्ट
– अपने चिकित्सालय में सुदृढ़ करें कायाकल्प प्रोग्राम को, कराएं त्रिस्तरीय असेसमेण्ट
संतकबीरनगर। 31 जुलाई 2019
जितेन्द्र चौधरी
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ हरगोविन्द सिंह ने कहा कि चिकित्सालयों को साफ सुथरा रखते हुए मरीजों को गुणवत्तापूर्ण इलाज की सुविधा प्रदान करना शासन की पहली प्राथमिकता है। उच्च गुणवत्ता के इलाज के साथ ही तीमारदारों को एक साफ सुथरा व मैत्रीपूर्ण माहौल प्रदान करें, ताकि वे अस्पताल से स्वस्थ होकर खुशी – खुशी अपने घर जाएं।
उक्त बातें उन्होंने सीएमओ कार्यालय के सभागार में कायाकल्प की एकदिवसीय कार्यशाला को सम्बेाधित करते हुए कही। इस अवसर पर क्वालिटी एश्योरेन्स ट्रेनर डॉ ए के सिन्हा ने बतायाकि कायाकल्प को सही प्रकार से क्रियाशील करने केलिए चेक लिस्ट का प्रयोग किया जाता है। इसे चिकित्सालय में सही प्रकार से लागू करने के लिए सात थेमैटिक एरिया में विभाजित किया गया है। ये क्रमश: हास्पिटल अपकिपिंग, सैनिटेशन व हाइजिन, वेस्ट मैनेजमेण्ट, इन्फेक्शन कण्ट्रोल, सपोर्ट सर्विसेज, हाइजीन प्रमोशन व बियांड बाउण्ड्री है। कायाकल्प प्रोग्राम का असेसमेण्ट तीन स्तर पर किया जाता है जो क्रमवार इन्टर्नल असेसमेण्ट, पीयर असेसमेण्ट एवं स्टेट असेसमेण्ट है। इस दौरान कार्यशाला में आए हुए सभी अधीक्षक, बीपीएम, स्टाफनर्स मेण्टर एवं फार्मासिस्ट को कायाकल्प प्रोग्राम को सुदृढ करने के लिए प्रशिक्षण दिया गया। कार्यशाला के दौरान कायाकल्प के विभिन्न उदाहरणों के जरिए बारीकियों से अवगत कराया गया। इस दौरान क्वालिटी कन्सल्टेन्ट डॉ अबू बकर, हास्पिटल क्वालिटी मैनेजर डॉ शेख मोहम्मद फैजान ने सभी को अभिलेखों के रख रखाव के साथ ही हास्पिटल मैनेजमेण्ट की तमाम बारीकियों से अवगत कराया।
कार्यशाला में अपर मुख्य चिकित्साधिकारी आरसीएच डॉ मोहन झा, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ के एम मिश्रा, जिले के समस्त सीएचसी व पीएचसी के एमओआईसी, बीपीएम, एक एक स्टाफ नर्स, लैब टेक्नीशियन, टीएसयू से डॉ जगदीश, इपिडेमियोलाजिस्ट डॉ मुबारक अली, जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी वेद प्रकाश यादव, क्वालिटी एश्योरेन्स से एडमिन कम प्रोग्राम असिस्टेण्ट हरीराम यादव मुख्य रुप से उपस्थित रहे।
